MUKESH HISSARIYA,PATNA

Monday, November 9, 2009

जिंदगी

जय माता दी ,
एक
संवेदनशील व्यक्ति Sulabh Jaiswal 'सतरंगी' की ये लाइन बहुत अच्छी लगी ।

जिंदगी हसीं है -
"खाने के लिए ज्ञान पचाने के लिए विज्ञान, सोने के लिए फर्श पहनने के लिए आदर्श, जीने के लिए सपने चलने के लिए इरादे, हंसने के लिए दर्द लिखने के लिए यादें... न कोई शिकायत न कोई कमी है, एक शायर की जिंदगी यूँ ही हसीं है... "

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